आज सन 2022 की 16 मई है और आज ही इस वर्ष का बैसाख मास अपने अंतिम पड़ाव पर आ गया है।जिसे पूर्णिमा कहते हैं। इसी पूर्णिमा को बुद्ध जयंती/ बुद्ध पूर्णिमा के रूप में मनाया जाता है। अतः सर्वप्रथम आप सभी को इस पर्व की भावभरी हार्दिक शुभकामनाएँ!🙏🌹🌹🌹🌹🌹🙏
वैशाख महीने की पूर्णिमा को भगवान बुद्ध की जयंती मनाई जाती है। इसलिए इस पूर्णिमा को बुद्ध पूर्णिमा कहते हैं। भगवान बुद्ध ने ही बौद्ध धर्म की स्थापना की और पूरी दुनिया को सत्य, शांति, मानवता की सेवा करने का संदेश दिया। उन्होंने दुनिया को पंचशील उपदेश दिए। ये पंचशील हैं -हिंसा न करना, चोरी न करना, व्यभिचार न करना, झूठ न बोलना और नशा न करना।
बुद्ध जयंती का उत्सव भारत ही नहीं अपितु कई अन्य देशों में मनाया जाता है।महात्मा बुद्ध की शिक्षाओं का अनुसरण और पालन अत्युत्तम होता है। प्रयास करना चाहिए कि हम उस मार्ग पर ही चलते रहें।
धन्यवाद!
राम राम जय श्रीराम!
लेखिका – सुषमा श्रीवास्तव, मौलिक विचार, सर्वाधिकार सुरक्षित, रुद्रपुर, उत्तराखंड।
